नई दिल्ली।ऑयली त्वचा में लिपिड का स्तर, पानी और वसा की मात्रा ज्यादा होती है। तैलीय त्वचा में सामान्य त्वचा की तुलना में पाये जाने वाले सेबेसियस ग्लैंड ज्यादा सक्रिय होते हैं। तैलीय त्वचा होने की ज्यादा संभावना हार्मोनल बदलाव की वजह से होती है। कई बार जीवनशैली भी तैलीय त्वचा के लिए जिम्मेदार होती है। कुछ लोगों में प्राकृतिक रूप से तैलीय त्वचा पाई जाती है। तैलीय त्वचा में रोमछिद्र सामान्य त्वचा से ज्यादा बड़े पाये जाते हैं। आइए जाने ऑयली स्किन से छूटकारा पाने के कुछ असरदार घरेलू नुस्खे।
तैलीय त्वचा के कारण त्वचा पर जो प्रभाव पड़ता है उसके बचाव के लिए इन बातों पर ध्यान देना जरूरी होता है।
जिनकी त्वचा ऑयली होती है उनको बाहर से आकर चेहरे को अच्छी प्रकार से साफ करें।
चेहरे को अच्छी प्रकार मॉश्चराइज करे ताकि संतुलित रूप में नमी बनी रहे।
जंकफूड और अधिक तैलीय एवं मिर्च-मसाले युक्त भोजन का सेवन न करें।
नियमित रूप से व्यायाम एवं प्राणायाम करें।
धूल एवं धूप से चेहरे का बचाव करें।
दिन में 3-4 बार चेहरे को ताजे पानी से धोयें।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/3GK0ns3
No comments:
Post a Comment