हेल्दी रहने के लिए हेल्दी खाना भी जरूरी होता है और स्प्राउंट्स ऐसी चीज हैं जो डायबिटीज से लेकर मोटापा और कोलेस्ट्राल से लेकर स्किन तक के लिए फायदेमंद हैं, लेकिन जरा सी चूक इन सारी ही खूबियों को खत्म कर फूड प्वाइजनिंग का शिकार बना सकती है। वहीं, लो इम्युनिटी जैसी कई अन्य समस्याएं भी हो सकती हैं। ऐसा क्यों और कैसे होता है यह समझना बेहद जरूरी है।
न्यूट्रीएंट्स से भरा होता है स्प्राउट्स
स्प्राउट्स न्यूट्रीएंट्स से भरा होता हैं। इसमें के पोषक तत्वों से पाचन में सुधार,रक्त शर्करा को संतुलित करने, हृदय को सुरक्षित रखने के साथ इम्युन को बढ़ाने वाले होते हैं, लेकिन कच्चे स्प्राउट्स खाने से अक्सर कई लोगों को फूड पॉइजनिंग, अपच, कब्ज आदि की समस्या भी होती है। तो आइए जानें कैसे और कब कच्चा स्प्राउट्स खाना हो सकता है नुकसानदायक।
कच्चे स्प्राउट्स में हानिकारक बैक्टीरिया हो सकते हैं
स्प्राउट्स केवल एक गर्म और नम तापमान में ही बनते हैं। इसलिए इसमें बैक्टीरिया पनपने की संभावना अधिक होती है। ऐसे में यदि आप ऐसे स्प्राउट्स खाएं जिन्हे बने काफी टाइम हो गया तो निश्चित तौर पर ये आपको नुकसान करें।
इस वजह से बढ़ता है फूड प्वाइजनिंग का खतरा
ये बात सच है कि स्प्राउट्स से फूड प्वाइजिनंग तक हो सकती है। ऐसा इसलिए क्योंकि इन स्प्राउट्स में यदि नमी और गर्मी बनी रहे तो इसमें आसानी से हानिकारक बैक्टीरिया प्रवेश कर जाते हैं जो फूड प्वाइजनिंग के लिए जिम्मेदार होते हैं। ये आंतों तक को इंफेक्टेड कर सकते हैं।
इम्युनिटी कम होने का है ये कारण
स्प्राउट्स आपके इम्युन को मजबूत बनाने वाला होता है लेकिन यही आपके इम्युन को कमजोर भी कर देता हे क्योंकि यदि बार-बार आप कई दिनों पुराना स्प्राउट्स खाते हैं तो इससे आपकी इम्युनिटी भी कमजोर होती जाती है। स्प्राउट्स बूढ़े लोगों,बच्चों और गर्भवती महिलाओं खाने से हमेशा दूर रहना चाहिए। ये प्रतिरक्षा को कमजोर करने के अलावा आपके स्वास्थ्य पर भी बुरा असर डालते हैं। ये आपके शरीर को कमजोर बना देता है और बीमारियां तेजी से घर करने लगती हैं।
कई बीमारियों का कारण हो सकता है
रोज कच्चे स्प्राउट्स का सेवन करना बहुत महत्वपूर्ण है, लेकिन केवल ताजा। यदि आप एक ही बार में कई दिनों के लिए स्प्राउंट्स बना कर रखते हैं तो आप बीमारियों को बुलावा दे रहे हैं। ये गर्भपात, किडनी फेल्योर, हार्ट अटैक या फूड प्वाइजनिंग का कारण बन सकते हैं।
इन बातों का विशेष रूप से रखें ध्यान
हो सके तो घर स्प्राउट्स घर के बने ही खाएं। बाज़ार में बिकने वाले स्प्राउट्स पुराने हो सकते हैं।
घर पर स्प्राउट्स जब भी बनाए उसे केवल उसी दिन खाने के लिए बनाएं। एक बार में ज्यादा दिन के लिए न बनाएं।
यदि स्प्राउट्स से सड़े की महक आए या वो चिपचिपा दिखे तो बिलकुल न खाएं।
यदि आपको स्प्राउट्स ठीक लग रहा लेकिन वह पुराना है तो आप उसे कच्चा न खा कर खूब भून कर खाएं।
स्प्राउट्स खाना न छोड़ें बल्कि इसे खाने का सही तरीका अपनाएं। ताजे स्प्राउट्स ही खाएं जब खाएं।
डिस्क्लेमर: प्रस्तुत लेख में सुझाए गए टिप्स और सलाह केवल आम जानकारी के लिए हैं और इसे पेशेवर चिकित्सा सलाह के रूप में नहीं लिया जा सकता।
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