बीजिंग । फाइव आइस अलायंस ने हाल ही में बताया कि कोविड-19 महामारी के प्रयोगशाला से लीक होने की बहुत कम संभावना है । फाइव आइस अलायंस अमेरिका ,ब्रिटेन ,कनाडा ,आस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड से गठित संयुक्त सूचना नेटवर्क है। सीएनएन ने इस मुद्दे पर फाइव आइस अलायंस की सूचना जानने वाले किसी पश्चिमी राजनयिक का हवाला देते हुए कहा कि नोवेल कोरोना वायरस के प्राकृतिक होने की बड़ी संभावना है और मानव- जानवर के साथ संपर्क में आने से संक्रमित हुआ।
उधर आस्ट्रेलियाई अखबार देली टेलीग्राफ ने हाल ही में 15 पेज वाली फाइल की रिपोर्ट के आधार पर महामारी की हकीकत छिपाने का आरोप लगाया और दावा किया कि ये फाइल फाइव आइस अलायंस से आयी है। लेकिन ब्रिटिश अखबार द गार्जियन ने 4 मई को रिपोर्ट की कि ये फाइल फाइव आइस अलायंस की सूचना नहीं है। इन फाइलों के अमेरिका से आने की बड़ी संभावना है, जिस का उद्देश्य चीन पर दबाव डालना है ।
गौरतलब है कि सीआईए के निदेशक कार्यालय ने 30 अप्रैल को अपनी वेबसाइट पर एक बयान जारी कर कहा था कि सूचना जगत वैज्ञानिक जगत की व्यापक समानता से सहमत है कि नोवेल कोरोना वायरस मानव द्वारा निर्मित किया गया है। मानव ने उसका जीन परिवर्तित भी नहीं किया है।
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