COVID-19 , Coronavirus: यह सतह की सामग्री और मौजूद वायरस की मात्रा पर निर्भर करता है। एक हालिया अध्ययन में स्टेनलेस स्टील, प्लास्टिक, कार्डबोर्ड और तांबे पर कोरोनोवायरस की दृढ़ता की जांच की गई। शोधकर्ताओं ने पाया कि वायरस तांबे पर 10 घंटे से भी कम और प्लास्टिक पर 3 दिन तक जीवित रह सकता है। 2003 में कोरोना परिवार के एक अन्य सदस्य सार्स वायरस पर किए एक अन्य अध्ययन में वैज्ञानिकों ने पाया कि यह वायरस ठोस सतहों पर नौ दिनों तक जीवित रह सकता था। हालांकि वायरस के विभिन्न सतहों पर जीवित रहने की अवधि के आधार पर यह नहीं माना जा सकता कि यह खतरनाक नहीं है। वहीं संक्रमित सतह या वस्तु के संपर्क में आने पर 3 से 9 दिनों में लक्षण नजर आ सकते हैं।
दरअसल सतहों पर वायरस की संक्रमणता में कमी आ जाती है क्योंकि यह सूख जाता है। इसलिए सतह पर संक्रमण होने का समय जितना लंबा होगा जोखिम उतना ही कम होगा। एक अन्य कारण यह है कि समूह में मौजूद वायरस का एक हिस्सा ही सतह से आपके हाथ के द्वारा मुंह, चेहरे या नाक तक पहुंचेगा। हालांकि बाहर से आने या संदिग्ध सतह को छुएं तो साबुन से बार-बार हाथ धोएं। साथ ही घर में जिन चीजों का ज्यादा इस्तेमाल होता है उनकी सतहों को भी सैनेटाइजर से लगातार साफ करते रहें।
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